Bilaspur News: पत्नी ने अपने पति प्रधान आरक्षक संजय जोशी को कुटुंब न्यायालय में जड़ा थप्पड़, FIR दर्ज
बिलासपुर: कुटुंब न्यायालय में काउंसलिंग के दौरान पत्नी ने अपने ही पति प्रधान आरक्षक संजय जोशी को थप्पड़ मारा। पीड़ित पति ने सिविल लाइन थाने में FIR 1124/2026 दर्ज कराई, 2022 से चल रहे विवाद का मामला।

बिलासपुर जिला न्यायालय के ADR भवन में तलाक की काउंसलिंग के बीच हंगामा, पत्नी ने अपने पति प्रधान आरक्षक को कॉलर पकड़कर पीटा। पीड़ित पति संजय जोशी का आरोप – पत्नी 2022 से पुलिस आरक्षक 840 के साथ रह रही है, 28 से अधिक आवेदन देने के बाद भी कार्रवाई नहीं
बिलासपुर/सकरी। बिलासपुर जिला न्यायालय के कुटुंब न्यायालय में तलाक के एक मामले की काउंसलिंग के दौरान उस वक्त हंगामा खड़ा हो गया, जब एक पत्नी ने कोर्ट परिसर में ही अपने ही पति की पिटाई कर दी। पीड़ित कोई आम व्यक्ति नहीं, बल्कि विशेष शाखा बिलासपुर में पदस्थ प्रधान आरक्षक संजय जोशी, निवासी ग्राम परसदा भरनी, थाना सकरी हैं। उन्होंने अपनी ही पत्नी सरोज जोशी पर काउंसलिंग के दौरान थप्पड़ मारने और मारपीट करने का आरोप लगाया है। इस घटना की शिकायत सिविल लाइन थाना बिलासपुर में FIR No. 1124/2026 के तहत दर्ज कराई गई है।
कुटुंब न्यायालय के ADR भवन में पति-पत्नी के बीच मारपीट

पीड़ित पति प्रधान आरक्षक संजय जोशी ने बताया कि कुटुंब न्यायालय के ADR भवन में उसके तलाक प्रकरण में काउंसलिंग की तारीख थी। शासकीय अधिवक्ता के सामने जब पति संजय जोशी अपने दस्तावेज दिखा रहा था, तो उसकी पत्नी सरोज जोशी आक्रोशित हो गई।
पीड़ित पति संजय जोशी ने आरोप लगाया, “मेरी पत्नी सरोज ने मुझे ‘हत्यारे परिवार से हो’ कहकर अश्लील गाली दी, मेरा कॉलर पकड़ा और अपने ही पति यानी मुझे दो थप्पड़ जड़ दिए और पीठ पर मुक्का मारा।” इस दौरान पति को पीटता देख बीच-बचाव करने उसकी बहन अंकिता जोशी आई, तो उसे भी धक्का दिया गया। वहां मौजूद अधिवक्ताओं ने बीच-बचाव कर पति-पत्नी को अलग किया। बहन रजनी जोशी ने कहा कि 8-10 दिन पहले ही सरोज ने उनकी मां सावित्री देवी पर भी हमला किया था।
मामले की जड़ – 05 जुलाई 2022 की रात, जब पति ने पत्नी को दूसरे आरक्षक के साथ पकड़ा

पीड़ित पति संजय जोशी के अनुसार यह पूरा विवाद 05 जुलाई 2022 की रात 3:30 बजे शुरू हुआ था। वह VIP ड्यूटी पेंड्रा से घर लौटा तो घर में जिला बल में पदस्थ आरक्षक क्रमांक 840 अरुण कुमार कमलवंशी, पिता रामप्यारे कमलवंशी, निवासी पुलिस लाइन बिलासपुर उसकी पत्नी सरोज के साथ आपत्तिजनक स्थिति में मिला। पति को देखते ही आरोपी मोपेड CG 10-AJ-0626 छोड़कर भाग गया। पति संजय ने डायल 112 बुलाया और मोपेड थाना सकरी में सुपुर्द की।
पति का आरोप है कि सुबह 10 बजे आरोपी 8-10 लड़कों के साथ वापस आकर मोपेड छीनने और पति को जान से मारने की धमकी देने लगा। 08 जुलाई 2022 शाम 7 बजे सफेद कार से आकर 6 साल के बेटे के अपहरण की भी कोशिश की गई।
थाना सकरी में पत्नी ने पति के सामने ही दिया था दूसरे के साथ रहने का सहमति पत्र

पति संजय जोशी ने बताया कि उसी दिन शाम 5 बजे थाना सकरी में उसकी पत्नी सरोज जोशी ने पति और सभी परिवार वालों के समक्ष लिखित आवेदन देकर कहा कि “मैं अरुण कुमार कमलवंशी के साथ पत्नी के रूप में रहूंगी और आगे का जीवन उसी के साथ बिताऊंगी।” इस दौरान वहां आरोपी और उसका भाई हेमंत कमलवंशी मौजूद थे। इस सहमति पत्र पर 10 गवाहों के हस्ताक्षर हैं।
पंचायत, समाज और 3 नोटरी शपथ पत्रों में पति के दावों की पुष्टि
पति के दावों की पुष्टि के लिए ग्राम पंचायत परसदा के सरपंच संतराम लहरे द्वारा 18/07/2022 को पंचनामा और 19/07/2022 को सतनामी समाज द्वारा प्रमाणीकरण जारी किया गया।
21 जनवरी 2023 को गरियाबंद नोटरी केशव कश्यप के समक्ष 3 अलग-अलग शपथ पत्र दिए गए – रामाधार बंधे, हेमलाल देशलहरे, रमेश कुमार बंदे ने शपथ पूर्वक कहा कि 05 जुलाई 2022 को हमें विवाद सुलझाने बिलासपुर बुलाया गया था, पर सरोज ने कोई जवाब नहीं दिया और शाम 5 बजे थाना में पति को छोड़कर दूसरे आरक्षक के साथ रहने का सहमति पत्र देकर चली गई।
28 से अधिक आवेदनों के बाद भी पति को न्याय नहीं
पीड़ित पति प्रधान आरक्षक संजय जोशी ने थाना प्रभारी सकरी, SSP बिलासपुर, IG बिलासपुर संभाग और DGP रायपुर तक 28 से 48 आवेदन दिए हैं। सबसे गंभीर आरोप है कि आरक्षक 840 शादीशुदा होते हुए अपनी पूर्व पत्नी पूर्णिमा कमलवंशी को बिना तलाक दिए दूसरी पत्नी के रूप में सरोज को रखे हुए है, जो सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के तहत दंडनीय है।
पीड़ित पति की मांग है कि आरोपी आरक्षक के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध कर बर्खास्त किया जाए। फिलहाल पुलिस ने पति के साथ कोर्ट में हुई मारपीट की शिकायत पर जांच शुरू कर दी है।